बीटेक छात्रा ने’ “पांचवी मंजिल से कूदकर, दी जान, सुसाइड नोट में लिखा : अलविदा
मुरादाबाद से भारती कि रिपोर्ट : करुणा विश्वकर्मा टीएमयू की बीटेक की छात्रा है। उसने शुक्रवार को इंजीनियरिंग की परीक्षा दी, और उसी कॉलेज की पांचवी मंजिल से, कूद कर जान दे दी। ऐसा करने से पहले अपने कॉलेज के छात्रों से लंबी बातचीत की। किसी को यह एहसास न होने दिया, कि वह ऐसा भी कर सकती है।
करुणा विश्वकर्मा ने,इंजीनियरिंग कॉलेज की,पाँचवी मंजिल से, छलांग लगाने के पूर्व, अपने सुसाइड नोट में,मम्मी पापा को लिखा, मैं आपके सपनों को पूरा नहीं कर सकी,छोटी बहन का ख्याल रखना। उसे खूब पढ़ाना।- दुनिया से अलविदा करुणा विश्वकर्म्रा
परीक्षा देने के बाद, करुणा रूम आने के बजाय, इंजीनियरिंग कॉलेज की, पांचवी मंजिल,पर चली गई। वह कुछ देर तक इधर-उधर टहलती रही। उसने अपने साथियों से फोन पर लंबी बातचीत की। इसके बाद उसने, अपने रूममेट आयुषी को कॉल किया। आयुषी से कहा,कि वह रूम पर नहीं आएगी। वहां रूम पर,तुम्हारे लिए एक गिफ्ट छोड़ दिया है,।आयुषी ने कहा, तब उसे यह अंदाजा नहीं था, कि उसका यह गिफ्ट, एक सुसाइड नोट है।
आयुषी ने बताया कि यह सुनकर,वह भागी भागी रूम पहुंची, गिफ्ट की खोज करने पर,वहां एक सुसाइड नोट मिला। मैंने इसकी जानकारी,तत्काल विश्वविद्यालय प्रबंधन को दी। करुणा पूरी तरह से सामान्य लग रही थी। वह रोज की तरह जागी, तैयार हुई,और परीक्षा देने चली गई, उसे परीक्षा देकर रूम लौटना था,लेकिन वह इंजीनियरिंग कॉलेज की पांचवी मंजिल पर चली गई।
बीटेक की छात्रा करुणा विश्वकर्मा ने, पहले रूम पर सुसाइड नोट लिखा। परीक्षा देने के बाद इंजीनियरिंग कॉलेज की पांचवी मंजिल पर,देर तक टहलती रही। अपने दोस्तों से लंबी बातचीत की। उसके बाद वहां पांचवी मंजिल से कूद गई, जान दे दी।
करुणा ने,जब आयुषी को फोन करके रूम में गिफ्ट रखने की बात बताई, तो वह दौड़ी दौड़ी रूम आई।गिफ्ट की खोज की। वहां एक सुसाइड नोट मिला। सुसाइड नोट में लिखी हुई जानकारी, जब तक आयुषी,विश्वविद्यालय प्रबंधन को देती, तब तक करुणा, इंजीनियरिंग कॉलेज की, पांचवी मंजिल से, छलांग लगा चुकी थी।
विश्वविद्यालय प्रबंधन,जानकारी होते ही,करुणा को उपचार के लिए,अस्पताल भेजा। डॉक्टरों ने,उसे बचाने का बहुत प्रयास किया, लेकिन डॉक्टरों के,उसे बचाने के लिए,जूझने के बाद भी, डॉक्टर करुणा को बचा ना सके। करुणा की मौत हो गई।
करुणा ने सुसाइड नोट, लिखकर छोड़ा है। बहुत-बहुत सारी मम्मी -पापा मैं आपके लिए अच्छी बेटी बनकर आपके सपनों को पूरा नहीं कर सकी छोटी बहन का ख्याल रखना उसको खूब पढ़ाना लिखाना वह आपका बहुत ख्याल रखेगी आप सभी अपना बहुत ख्याल रखना – करुणा विश्वकर्मा । करुणा ने अपने मित्र को भी कुछ शब्द लिखे हैं। करुणा विश्वकर्मा मूल रूप से बिहार में मधुबनी जनपद के नगनिया की थी। टीएमयू में ओल्ड गर्ल्स हॉस्टल में अपने तीन रूममेट के साथ रहती थी।
करुणा बीटेक मैकेनिकल प्रथम वर्ष की छात्रा थी। वह शुक्रवार को परीक्षा देने बैठी। दिन में 11:30 बजे, जब पेपर खत्म हुआ, वह अपने कॉलेज की,पांचवी मंजिल पर, टहलने चली गई। अपने कुछ दोस्तों से,फोन पर लंबी बातचीत की। उसके बाद, अपने रूममेट आयुषी को,फोन करके सुसाइड नोट को गिफ्ट बताया,आयुषी से कहा,रूम में रखा है,ले लेना।
टीएमयू के मीडिया प्रभारी, एमपी सिंह ने,मीडिया को जानकारी दी,कि करुणा पांचवी मंजिल की खिड़की से,कूद गई है। करुणा के दुखद अंत, की सूचना उसके परिवार को दे दी गयी है। करुणा का सुसाइड नोट पुलिस को सौंप दिया गया है। एसपी सिटी अखिलेश भदौरिया ने कहा। कि करुणा की मौत की जांच, पाकबड़ा पुलिस को सौंपी गई है।वही इसकी जांच कर रही है। फॉरेंसिक नमूने इकट्ठा कर लिए गए हैं।
इंजीनियरिंग छात्रा के, सुसाइड करने के बाद,पाकबड़ा पुलिस टीएमयू जाकर,वहां के स्टाफ,और छात्रा की रूममेट वा अन्य, छात्राओं से पूछताछ की। पुलिस ने कहा कि पूछताछ में,यह खुलकर सामने आया है,कि करुणा दिवाली की छुट्टी में घर जाने के लिए टीएमयू से निकली थी,लेकिन वह घर जाने के बजाय,बिहार में अपने एक मित्र से, उसके जन्मदिन से पहले, मिलने चली गई। उसके मित्र का जन्मदिन 26 नवंबर को है।